OmniPanchang

होरा (ग्रह होरा) · Munich

सोमवार, 10 अप्रैल 2028

दिन की होरा
  • चन्द्रयात्रा, जल, भावनात्मक तथा घरेलू कार्य6:33 am – 7:40 am
  • शनिश्रम, मरम्मत, नित्य कार्य — नए उपक्रम वर्जित7:40 am – 8:47 am
  • गुरुशिक्षा, धन, शुभ आरंभ — सर्वाधिक श्रेष्ठ8:47 am – 9:54 am
  • मंगलविवाद तथा उग्रता — नए कार्य के लिए वर्जित9:54 am – 11:01 am
  • सूर्यअधिकार, सरकारी कार्य तथा बड़ों से व्यवहार11:01 am – 12:08 pm
  • शुक्रकला, संगीत, विवाह, सुख तथा सौंदर्य12:08 pm – 1:15 pm
  • बुधअध्ययन, व्यापार, संवाद तथा लेखा-जोखा1:15 pm – 2:22 pm
  • चन्द्रयात्रा, जल, भावनात्मक तथा घरेलू कार्य2:22 pm – 3:29 pm
  • शनिश्रम, मरम्मत, नित्य कार्य — नए उपक्रम वर्जित3:29 pm – 4:36 pm
  • गुरुशिक्षा, धन, शुभ आरंभ — सर्वाधिक श्रेष्ठ4:36 pm – 5:43 pm
  • मंगलविवाद तथा उग्रता — नए कार्य के लिए वर्जित5:43 pm – 6:50 pm
  • सूर्यअधिकार, सरकारी कार्य तथा बड़ों से व्यवहार6:50 pm – 7:57 pm
रात की होरा

सोमवार, 10 अप्रैल 2028 – मंगलवार, 11 अप्रैल 2028

  • शुक्रकला, संगीत, विवाह, सुख तथा सौंदर्य7:57 pm – 8:50 pm
  • बुधअध्ययन, व्यापार, संवाद तथा लेखा-जोखा8:50 pm – 9:43 pm
  • चन्द्रयात्रा, जल, भावनात्मक तथा घरेलू कार्य9:43 pm – 10:35 pm
  • शनिश्रम, मरम्मत, नित्य कार्य — नए उपक्रम वर्जित10:35 pm – 11:28 pm
  • गुरुशिक्षा, धन, शुभ आरंभ — सर्वाधिक श्रेष्ठ11:28 pm – 12:21 am
  • मंगलविवाद तथा उग्रता — नए कार्य के लिए वर्जित12:21 am – 1:14 am
  • सूर्यअधिकार, सरकारी कार्य तथा बड़ों से व्यवहार1:14 am – 2:07 am
  • शुक्रकला, संगीत, विवाह, सुख तथा सौंदर्य2:07 am – 2:59 am
  • बुधअध्ययन, व्यापार, संवाद तथा लेखा-जोखा2:59 am – 3:52 am
  • चन्द्रयात्रा, जल, भावनात्मक तथा घरेलू कार्य3:52 am – 4:45 am
  • शनिश्रम, मरम्मत, नित्य कार्य — नए उपक्रम वर्जित4:45 am – 5:38 am
  • गुरुशिक्षा, धन, शुभ आरंभ — सर्वाधिक श्रेष्ठ5:38 am – 6:31 am
संकेत
  • सूर्यअधिकार, सरकारी कार्य तथा बड़ों से व्यवहार
  • चन्द्रयात्रा, जल, भावनात्मक तथा घरेलू कार्य
  • मंगलविवाद तथा उग्रता — नए कार्य के लिए वर्जित
  • बुधअध्ययन, व्यापार, संवाद तथा लेखा-जोखा
  • गुरुशिक्षा, धन, शुभ आरंभ — सर्वाधिक श्रेष्ठ
  • शुक्रकला, संगीत, विवाह, सुख तथा सौंदर्य
  • शनिश्रम, मरम्मत, नित्य कार्य — नए उपक्रम वर्जित