OmniPanchang

होरा (ग्रह होरा) · London

शनिवार, 14 नवंबर 2026

दिन की होरा
  • शनिश्रम, मरम्मत, नित्य कार्य — नए उपक्रम वर्जित7:16 am – 8:01 am
  • गुरुशिक्षा, धन, शुभ आरंभ — सर्वाधिक श्रेष्ठ8:01 am – 8:46 am
  • मंगलविवाद तथा उग्रता — नए कार्य के लिए वर्जित8:46 am – 9:30 am
  • सूर्यअधिकार, सरकारी कार्य तथा बड़ों से व्यवहार9:30 am – 10:15 am
  • शुक्रकला, संगीत, विवाह, सुख तथा सौंदर्य10:15 am – 10:59 am
  • बुधअध्ययन, व्यापार, संवाद तथा लेखा-जोखा10:59 am – 11:44 am
  • चन्द्रयात्रा, जल, भावनात्मक तथा घरेलू कार्य11:44 am – 12:29 pm
  • शनिश्रम, मरम्मत, नित्य कार्य — नए उपक्रम वर्जित12:29 pm – 1:13 pm
  • गुरुशिक्षा, धन, शुभ आरंभ — सर्वाधिक श्रेष्ठ1:13 pm – 1:58 pm
  • मंगलविवाद तथा उग्रता — नए कार्य के लिए वर्जित1:58 pm – 2:43 pm
  • सूर्यअधिकार, सरकारी कार्य तथा बड़ों से व्यवहार2:43 pm – 3:27 pm
  • शुक्रकला, संगीत, विवाह, सुख तथा सौंदर्य3:27 pm – 4:12 pm
रात की होरा

शनिवार, 14 नवंबर 2026 – रविवार, 15 नवंबर 2026

  • बुधअध्ययन, व्यापार, संवाद तथा लेखा-जोखा4:12 pm – 5:27 pm
  • चन्द्रयात्रा, जल, भावनात्मक तथा घरेलू कार्य5:27 pm – 6:43 pm
  • शनिश्रम, मरम्मत, नित्य कार्य — नए उपक्रम वर्जित6:43 pm – 7:58 pm
  • गुरुशिक्षा, धन, शुभ आरंभ — सर्वाधिक श्रेष्ठ7:58 pm – 9:14 pm
  • मंगलविवाद तथा उग्रता — नए कार्य के लिए वर्जित9:14 pm – 10:29 pm
  • सूर्यअधिकार, सरकारी कार्य तथा बड़ों से व्यवहार10:29 pm – 11:45 pm
  • शुक्रकला, संगीत, विवाह, सुख तथा सौंदर्य11:45 pm – 1:00 am
  • बुधअध्ययन, व्यापार, संवाद तथा लेखा-जोखा1:00 am – 2:16 am
  • चन्द्रयात्रा, जल, भावनात्मक तथा घरेलू कार्य2:16 am – 3:31 am
  • शनिश्रम, मरम्मत, नित्य कार्य — नए उपक्रम वर्जित3:31 am – 4:47 am
  • गुरुशिक्षा, धन, शुभ आरंभ — सर्वाधिक श्रेष्ठ4:47 am – 6:02 am
  • मंगलविवाद तथा उग्रता — नए कार्य के लिए वर्जित6:02 am – 7:18 am
संकेत
  • सूर्यअधिकार, सरकारी कार्य तथा बड़ों से व्यवहार
  • चन्द्रयात्रा, जल, भावनात्मक तथा घरेलू कार्य
  • मंगलविवाद तथा उग्रता — नए कार्य के लिए वर्जित
  • बुधअध्ययन, व्यापार, संवाद तथा लेखा-जोखा
  • गुरुशिक्षा, धन, शुभ आरंभ — सर्वाधिक श्रेष्ठ
  • शुक्रकला, संगीत, विवाह, सुख तथा सौंदर्य
  • शनिश्रम, मरम्मत, नित्य कार्य — नए उपक्रम वर्जित