OmniPanchang

होरा (ग्रह होरा) · Fort Worth

मंगलवार, 7 जनवरी 2025

दिन की होरा
  • मंगलविवाद तथा उग्रता — नए कार्य के लिए वर्जित7:32 am – 8:22 am
  • सूर्यअधिकार, सरकारी कार्य तथा बड़ों से व्यवहार8:22 am – 9:13 am
  • शुक्रकला, संगीत, विवाह, सुख तथा सौंदर्य9:13 am – 10:04 am
  • बुधअध्ययन, व्यापार, संवाद तथा लेखा-जोखा10:04 am – 10:54 am
  • चन्द्रयात्रा, जल, भावनात्मक तथा घरेलू कार्य10:54 am – 11:45 am
  • शनिश्रम, मरम्मत, नित्य कार्य — नए उपक्रम वर्जित11:45 am – 12:35 pm
  • गुरुशिक्षा, धन, शुभ आरंभ — सर्वाधिक श्रेष्ठ12:35 pm – 1:26 pm
  • मंगलविवाद तथा उग्रता — नए कार्य के लिए वर्जित1:26 pm – 2:17 pm
  • सूर्यअधिकार, सरकारी कार्य तथा बड़ों से व्यवहार2:17 pm – 3:07 pm
  • शुक्रकला, संगीत, विवाह, सुख तथा सौंदर्य3:07 pm – 3:58 pm
  • बुधअध्ययन, व्यापार, संवाद तथा लेखा-जोखा3:58 pm – 4:48 pm
  • चन्द्रयात्रा, जल, भावनात्मक तथा घरेलू कार्य4:48 pm – 5:39 pm
रात की होरा

मंगलवार, 7 जनवरी 2025 – बुधवार, 8 जनवरी 2025

  • शनिश्रम, मरम्मत, नित्य कार्य — नए उपक्रम वर्जित5:39 pm – 6:48 pm
  • गुरुशिक्षा, धन, शुभ आरंभ — सर्वाधिक श्रेष्ठ6:48 pm – 7:58 pm
  • मंगलविवाद तथा उग्रता — नए कार्य के लिए वर्जित7:58 pm – 9:07 pm
  • सूर्यअधिकार, सरकारी कार्य तथा बड़ों से व्यवहार9:07 pm – 10:17 pm
  • शुक्रकला, संगीत, विवाह, सुख तथा सौंदर्य10:17 pm – 11:26 pm
  • बुधअध्ययन, व्यापार, संवाद तथा लेखा-जोखा11:26 pm – 12:35 am
  • चन्द्रयात्रा, जल, भावनात्मक तथा घरेलू कार्य12:35 am – 1:45 am
  • शनिश्रम, मरम्मत, नित्य कार्य — नए उपक्रम वर्जित1:45 am – 2:54 am
  • गुरुशिक्षा, धन, शुभ आरंभ — सर्वाधिक श्रेष्ठ2:54 am – 4:04 am
  • मंगलविवाद तथा उग्रता — नए कार्य के लिए वर्जित4:04 am – 5:13 am
  • सूर्यअधिकार, सरकारी कार्य तथा बड़ों से व्यवहार5:13 am – 6:22 am
  • शुक्रकला, संगीत, विवाह, सुख तथा सौंदर्य6:22 am – 7:32 am
संकेत
  • सूर्यअधिकार, सरकारी कार्य तथा बड़ों से व्यवहार
  • चन्द्रयात्रा, जल, भावनात्मक तथा घरेलू कार्य
  • मंगलविवाद तथा उग्रता — नए कार्य के लिए वर्जित
  • बुधअध्ययन, व्यापार, संवाद तथा लेखा-जोखा
  • गुरुशिक्षा, धन, शुभ आरंभ — सर्वाधिक श्रेष्ठ
  • शुक्रकला, संगीत, विवाह, सुख तथा सौंदर्य
  • शनिश्रम, मरम्मत, नित्य कार्य — नए उपक्रम वर्जित