सरस्वती पूजा · 2024
तिथि: बुधवार, 14 फ़रवरी 2024
Major educational festival in Bengal where students worship Goddess Saraswati and their books, celebrated in schools and colleges.
लखनऊ के लिए तिथियाँ और समय।
यही तिथि क्यों
लखनऊ में जिस दिन सूर्योदय के समय यह तिथि रहती है, उसी दिन मनाया जाता है।
कैसे मनाया जाता है
- पुस्तक पूजा
- सरस्वती पूजा
- पुष्पांजलि
क्षेत्रीय पंचांग
अन्य नाम: সরস্বতী পূজা (बंगाली) · சரஸ்வதி பூஜை (तमिल) · సరస్వతి పూజ (तेलुगू)
- अमांत (अमावस्या पर मास समाप्त; दक्षिण और पश्चिम भारत)
- माघ · शुक्ल पक्ष
- पूर्णिमांत (पूर्णिमा पर मास समाप्त; उत्तर भारत)
- माघ · शुक्ल पक्ष
- तमिल: 2 मासि 2054 (तिरुवल्लुवर)
- बंगाली: 1 फाल्गुन 1430 (बंगाब्द)
- ओड़िया: 2 फाल्गुन 1431 (विलायती संवत)
- मलयालम: 1 कुंभम 1199 (कोल्लम संवत)
लखनऊ के लिए गणना। हर सौर पंचांग अपने क्षेत्र के नियम से मास आरंभ करता है।
सरस्वती पूजा 2024
Saraswati
- बुधवार, 14 फ़रवरी 2024दिन का पंचांग देखें →तिथि अवधि: मंगल, 13 फ़र॰, 2:42 pm – बुध, 14 फ़र॰, 12:10 pm IST
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- सरस्वती पूजा क्या है?
- Major educational festival in Bengal where students worship Goddess Saraswati and their books, celebrated in schools and colleges.
- सरस्वती पूजा 2024 कब है?
- सरस्वती पूजा बुधवार, 14 फ़रवरी 2024 को है।