परिवर्तिनी एकादशी · 2025
तिथि: बुधवार, 3 सितंबर 2025
Ekadashi when Lord Vishnu turns from one side to another in his cosmic sleep, also called Vamana Ekadashi.
कोलकाता के लिए तिथियाँ और समय।
यही तिथि क्यों
स्मार्त नियम: कोलकाता में जिस दिन अरुणोदय (सूर्योदय से 96 मिनट पहले) और सूर्योदय दोनों समय एकादशी हो, उसी दिन व्रत रखा जाता है।
कैसे मनाया जाता है
- विष्णु पूजा
- वामन आराधना
क्षेत्रीय पंचांग
अन्य नाम: பரிவர்த்தினி ஏகாதசி (तमिल) · పరివర్తిని ఏకాదశి (तेलुगू)
- अमांत (अमावस्या पर मास समाप्त; दक्षिण और पश्चिम भारत)
- भाद्रपद · शुक्ल पक्ष
- पूर्णिमांत (पूर्णिमा पर मास समाप्त; उत्तर भारत)
- भाद्रपद · शुक्ल पक्ष
- तमिल: 18 आवणि 2056 (तिरुवल्लुवर)
- बंगाली: 17 भाद्र 1432 (बंगाब्द)
- ओड़िया: 18 भाद्रव 1432 (विलायती संवत)
- मलयालम: 18 चिंगम 1201 (कोल्लम संवत)
कोलकाता के लिए गणना। हर सौर पंचांग अपने क्षेत्र के नियम से मास आरंभ करता है।
परिवर्तिनी एकादशी 2025
Vishnu
- बुधवार, 3 सितंबर 2025दिन का पंचांग देखें →तिथि अवधि: बुध, 3 सित॰, 3:53 am – गुरु, 4 सित॰, 4:22 am ISTपारण (व्रत खोलने का समय): गुरु, 4 सित॰, 12:50–3:20 pm ISTहरि वासर 10:19 am तक है, प्रातःकाल के बाद भी, इसलिए मध्याह्न के बाद पारण करें।वैष्णव एकादशी: गुरुवार, 4 सितंबर 2025वैष्णव परंपरा (इस्कॉन सहित) इस दिन व्रत रखती है।पारण (व्रत खोलने का समय): शुक्र, 5 सित॰, 5:20–7:50 am IST
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- परिवर्तिनी एकादशी क्या है?
- Ekadashi when Lord Vishnu turns from one side to another in his cosmic sleep, also called Vamana Ekadashi.
- परिवर्तिनी एकादशी 2025 कब है?
- परिवर्तिनी एकादशी बुधवार, 3 सितंबर 2025 को है।