पापमोचनी एकादशी · 2024
तिथि: शुक्रवार, 5 अप्रैल 2024
Krishna Ekadashi of Chaitra, the last Ekadashi of the lunar year, observed to be released (mochana) from sin.
जबलपुर के लिए तिथियाँ और समय।
यही तिथि क्यों
स्मार्त नियम: जबलपुर में जिस दिन अरुणोदय (सूर्योदय से 96 मिनट पहले) और सूर्योदय दोनों समय एकादशी हो, उसी दिन व्रत रखा जाता है।
कैसे मनाया जाता है
- विष्णु पूजा
क्षेत्रीय पंचांग
अन्य नाम: பாபமோசனி ஏகாதசி (तमिल) · పాపమోచని ఏకాదశి (तेलुगू)
- अमांत (अमावस्या पर मास समाप्त; दक्षिण और पश्चिम भारत)
- फाल्गुन · कृष्ण पक्ष
- पूर्णिमांत (पूर्णिमा पर मास समाप्त; उत्तर भारत)
- चैत्र · कृष्ण पक्ष
- तमिल: 23 पंगुनि 2054 (तिरुवल्लुवर)
- बंगाली: 22 चैत्र 1430 (बंगाब्द)
- ओड़िया: 23 चैत्र 1431 (विलायती संवत)
- मलयालम: 23 मीनम 1199 (कोल्लम संवत)
जबलपुर के लिए गणना। हर सौर पंचांग अपने क्षेत्र के नियम से मास आरंभ करता है।
पापमोचनी एकादशी 2024
Vishnu
- शुक्रवार, 5 अप्रैल 2024दिन का पंचांग देखें →तिथि अवधि: गुरु, 4 अप्रैल, 4:14 pm – शुक्र, 5 अप्रैल, 1:29 pm ISTपारण (व्रत खोलने का समय): शनि, 6 अप्रैल, 5:57–8:27 am ISTद्वादशी (10:19 am तक) के भीतर, प्रातःकाल में।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- पापमोचनी एकादशी क्या है?
- Krishna Ekadashi of Chaitra, the last Ekadashi of the lunar year, observed to be released (mochana) from sin.
- पापमोचनी एकादशी 2024 कब है?
- पापमोचनी एकादशी शुक्रवार, 5 अप्रैल 2024 को है।