महाशिवरात्रि · 2025
तिथि: बुधवार, 26 फ़रवरी 2025
भगवान शिव की महान रात्रि — फाल्गुन कृष्ण चतुर्दशी को मनाई जाती है। भक्त दिन भर उपवास रखते हैं और रात के चारों प्रहरों में शिवलिंग का अभिषेक तथा जागरण करते हैं।
कानपुर के लिए तिथियाँ और समय।
यही तिथि क्यों
कानपुर में जिस दिन निशीथ (मध्यरात्रि मुहूर्त) में यह तिथि हो, उसी दिन मनाया जाता है। पूजा मुहूर्त यही है, इसलिए यह आधी रात के बाद भी पड़ सकता है।
कैसे मनाया जाता है
- शिव अभिषेक
- बिल्व पत्र अर्पण
- रात्रि जागरण
क्षेत्रीय पंचांग
अन्य नाम: மகா சிவராத்திரி (तमिल) · మహా శివరాత్రి (तेलुगू) · ಮಹಾಶಿವರಾತ್ರಿ (कन्नड़) · মহাশিবরাত্রি (बंगाली) · മഹാശിവരാത്രി (मलयालम)
- अमांत (अमावस्या पर मास समाप्त; दक्षिण और पश्चिम भारत)
- माघ · कृष्ण पक्ष
- पूर्णिमांत (पूर्णिमा पर मास समाप्त; उत्तर भारत)
- फाल्गुन · कृष्ण पक्ष
- तमिल: 14 मासि 2055 (तिरुवल्लुवर)
- बंगाली: 14 फाल्गुन 1431 (बंगाब्द)
- ओड़िया: 15 फाल्गुन 1432 (विलायती संवत)
- मलयालम: 14 कुंभम 1200 (कोल्लम संवत)
कानपुर के लिए गणना। हर सौर पंचांग अपने क्षेत्र के नियम से मास आरंभ करता है।
महाशिवरात्रि 2025
Shiva
- बुधवार, 26 फ़रवरी 2025दिन का पंचांग देखें →तिथि अवधि: बुध, 26 फ़र॰, 11:08 am – गुरु, 27 फ़र॰, 8:55 am ISTपूजा मुहूर्त: बुध, 26 फ़र॰, 11:57 pm – गुरु, 27 फ़र॰, 12:45 am ISTपारण (व्रत खोलने का समय): गुरु, 27 फ़र॰, 6:34–8:55 am ISTसूर्योदय से चतुर्दशी समाप्त होने तक।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- महाशिवरात्रि क्या है?
- भगवान शिव की महान रात्रि — फाल्गुन कृष्ण चतुर्दशी को मनाई जाती है। भक्त दिन भर उपवास रखते हैं और रात के चारों प्रहरों में शिवलिंग का अभिषेक तथा जागरण करते हैं।
- महाशिवरात्रि 2025 कब है?
- महाशिवरात्रि बुधवार, 26 फ़रवरी 2025 को है।